February 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 23 फरवरी को राजस्थान विधानसभा में आयोजित विधायक दल की बैठक में भाग लिया, जहां आगामी विधायी कार्यों और जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक का उद्देश्य विधानसभा सत्र के दौरान सरकार की रणनीति तय करना और विकास तथा जनकल्याण से जुड़े मुद्दों को प्रभावी ढंग से सदन में उठाना रहा। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के सर्वांगीण विकास के संकल्प के साथ कार्य कर रही है और जनता से जुड़े विषयों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार सदन में पूरी तैयारी और सजगता के साथ जनहित के मुद्दों पर चर्चा के लिए प्रतिबद्ध है तथा लोकतांत्रिक परंपराओं के अनुरूप सकारात्मक संवाद को आगे बढ़ाया जाएगा। मुख्यमंत्री शर्मा ने विधायकों से आग्रह किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याओं, विकास कार्यों और आमजन से जुड़े विषयों को प्रभावी रूप से सदन में रखें, ताकि सरकार योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन और नीति निर्माण में जनता की अपेक्षाओं को शामिल कर सके। उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य पारदर्शी शासन, त्वरित निर्णय और विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से प्रदेश को नई दिशा देना है।विधायक दल की बैठक को आगामी विधानसभा कार्यवाही के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जिसमें सरकार ने विकास, जनकल्याण और प्रशासनिक जवाबदेही को लेकर अपनी प्राथमिकताओं को स्पष्ट किया।
February 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: राजस्थान विधानसभा के शून्यकाल के दौरान मंगलवार को प्रदेश में बढ़ते गैंगस्टर नेटवर्क और व्यापारियों तथा आम नागरिकों को मिल रही धमकियों का गंभीर मुद्दा उठाया गया। निर्दलीय विधायक रवींद्र सिंह भाटी ने सदन में कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था के लिए गैंगस्टर गतिविधियां बड़ी चुनौती बनती जा रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि विदेशों में बैठे गैंगस्टर और जेलों में बंद अपराधी इंटरनेट कॉलिंग के माध्यम से व्यापारियों, डॉक्टरों और प्रतिष्ठित लोगों को रंगदारी के लिए धमका रहे हैं, जिससे समाज में भय का माहौल बन गया है। विधायक भाटी ने कहा कि अब स्थिति ऐसी हो चुकी है कि छोटे दुकानदार से लेकर बड़े कारोबारी तक किसी भी व्यक्ति को धमकी मिलना आम बात बन गई है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि किसी व्यक्ति की परचून की दुकान भी ठीक से चल रही है तो उसे भी गैंगस्टरों की ओर से कॉल आ रही है। इन धमकियों के कारण व्यापारी मानसिक दबाव में जी रहे हैं। कई लोग अपनी दुकान या प्रतिष्ठान तक जाने से डर रहे हैं, वहीं उनके बच्चों की पढ़ाई और परिवार की सामान्य दिनचर्या भी प्रभावित हो रही है। उन्होंने कहा कि धमकी मिलने के बाद पूरा परिवार घरों में कैद होकर रहने को मजबूर हो जाता है, जो बेहद चिंताजनक स्थिति है। भाटी ने सदन में यह भी सवाल उठाया कि धमकी मिलने के बाद प्रशासन अक्सर पीड़ित के घर के बाहर दो पुलिसकर्मी तैनात कर देता है, लेकिन इसके बावजूद गैंगस्टर फोन करके चुनौती देते हैं कि पुलिस सुरक्षा उन्हें नहीं बचा सकती। उन्होंने आशंका जताई कि प्रदेश में गैंगस्टरों का मजबूत स्थानीय नेटवर्क सक्रिय है, जो पीड़ितों और पुलिस की गतिविधियों की जानकारी अपराधियों तक पहुंचा रहा है। उन्होंने सरकार से मांग की कि ऐसे स्थानीय सहयोगियों और नेटवर्क की पहचान कर उन्हें पूरी तरह ध्वस्त किया जाए। निर्दलीय विधायक ने संगठित अपराध के खिलाफ कठोर कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि गैंगस्टर नेटवर्क से जुड़े लोगों की संपत्ति जब्त की जानी चाहिए और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो प्रदेश में अपराध का दायरा और बढ़ सकता है। भाटी ने कहा कि नाबालिग बच्चों तक को अपराध की दुनिया में शामिल किया जा रहा है, जो समाज के लिए गंभीर खतरे का संकेत है। उन्होंने उत्तर प्रदेश, बिहार और मुंबई की तर्ज पर संगठित अपराध के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग करते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई से ही सख्त संदेश जाएगा और आम जनता में विश्वास कायम होगा। उन्होंने कहा कि राजस्थान को “रक्तरंजित प्रदेश” बनने से बचाने के लिए चुन-चुन कर बदमाशों पर कार्रवाई करना समय की मांग है।
February 24, 2026
राजस्थान न्यूज़: भीलवाड़ा,हरि शेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर भीलवाड़ा के तत्वावधान में आयोजित आठ दिवसीय सनातन मंगल महोत्सव एवं दीक्षा दान समारोह के सातवें दिन बुधवार 25 फरवरी को भीलवाड़ा शहर में संत दर्शन एवं सनातन शोभायात्रा का भव्य आयोजन होगा। इस शोभायात्रा के माध्यम से दीक्षा ग्रहण करने जा रहे तीनों दीक्षार्थियों इन्द्रदेव, सिद्धार्थ एवं कुनाल की नगर परिक्रमा होगी। आयोजन के जरिए संत दर्शन के साथ सनातन एकता की झलक भी दिखाई देगी।बुधवार प्रातः 8 बजे अयोध्यानगर (दूधाधारी मंदिर) से प्रारंभ होने वाली शोभायात्रा में दीक्षार्थी बंधु, संत महापुरुषों के साथ नगर की प्रभात फेरी मंडलियां शामिल होंगी। हजारों श्रद्धालु भाई-बहन इसमें भाग लेकर सनातन एकता का प्रदर्शन करेंगे। शोभायात्रा नगर परिक्रमा करते हुए हरि शेवा धाम पहुंचकर संपन्न होगी। शोभायात्रा में उदासीन कार्ष्णि पीठाधीश्वर महामंडलेश्वर स्वामी गुरूशरणानंद महाराज रमणरेती गोकुल वन मथुरा सहित देश के विभिन्न क्षेत्रों से आए संत महात्माओं का सानिध्य मिलेगा। मंगलवार को गुरूशरणानंद महाराज के हेलिकॉप्टर से भीलवाड़ा पहुंचने पर हरि शेवा उदासीन आश्रम के महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन महाराज सहित अनेक संतों ने भव्य स्वागत किया।महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन ने बताया कि दीक्षार्थियों की नगर परिक्रमा को लेकर भीलवाड़ा में उत्साह का वातावरण है और नजारा अयोध्या जैसा प्रतीत हो रहा है। नगर में जगह-जगह स्वागत द्वार बनाए गए हैं तथा सर्व सनातनी इस आयोजन में शामिल होने को उत्सुक हैं। शोभायात्रा में नासिक, जम्मू, उड़ीसा की ढोल टीमों के साथ शिव बारात एवं उज्जैन से महाकाल की टीम भी आकर्षण का केंद्र रहेगी।उन्होंने बताया कि 26 फरवरी को सुबह 9 बजे से हरि शेवा आश्रम परिसर में दीक्षा दान समारोह का भव्य आयोजन होगा। इस अवसर पर दोपहर 1 बजे से “एक संगत एक पंगत एक भाषा एक भूषा” के भाव के साथ विशाल समष्टि भंडारे का आयोजन अग्रवाल उत्सव भवन (रोडवेज बस स्टैंड के सामने) में किया जाएगा। इधर, सनातन मंगल महोत्सव के अंतर्गत श्रीमद् भागवत महापुराण कथा के छठे दिन आज व्यास पीठ से श्रीधाम वृन्दावन के कथा व्यास डॉ. श्यामसुन्दर पाराशर ने रासलीला एवं रूक्मणी विवाह प्रसंग का भावपूर्ण वाचन किया। उन्होंने कहा कि रास जीवात्मा और परमात्मा के दिव्य मिलन का प्रतीक है। रास के माध्यम से भगवान अपने रसिक भक्तों को रसास्वादन कराते हैं।डॉ. पाराशर ने कहा कि वियोग के बिना संयोग का महत्व नहीं और विरह के बिना मिलन का सुख नहीं होता। भगवान की कथा का अमृत जीवन के सारे संताप नष्ट कर देता है और तनाव दूर करता है। उन्होंने माता-पिता की सेवा का महत्व बताते हुए कहा कि जीवन में अपने दाता और उपकारी को कभी नहीं भूलना चाहिए।रूक्मणी विवाह प्रसंग के दौरान भगवान श्रीकृष्ण और रूक्मणी की सजीव झांकी सजाई गई। इस अवसर पर पांडाल में उल्लास का वातावरण रहा और संतों ने भगवान श्रीकृष्ण संग फूलों की होली खेली। “गोपी संग राधा नाचे, कृष्ण नाचे”, “आज दुल्हा बने नंदलाल” जैसे भजनों पर श्रद्धालु झूम उठे और जयकारों से परिसर गूंज उठा।
February 23, 2026
राजस्थान न्यूज़: जोधपुर। बोरानाडा थाना क्षेत्र के पाल स्थित आरती नगर आश्रम में साध्वी प्रेम बाईसा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस ने इंजेक्शन लगाने वाले कम्पाउण्डर को पकड़ लिया है। पुलिस ने आरोपी से पूछताछ करने के बाद जमानती अपराध होने के कारण उसे जमानत मुचलके पर रिहा कर दिया है। फिलहाल पुलिस उसकी नर्सिंग योग्यता और डिग्री की जांच कर रही है तथा जांच में अनियमितता सामने आने पर आगे कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। सहायक पुलिस आयुक्त (पश्चिम) छवि शर्मा ने बताया कि इस मामले में मथुरादास माथुर अस्पताल से जुड़े नर्सिंग कर्मचारी देवीसिंह राजपुरोहित को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ के बाद उसका जमानत मुचलका और बंध पत्र भरवाकर उसे छोड़ दिया गया। पुलिस ने उसे मामले में चालान पेश होने के समय अदालत में उपस्थित रहने के लिए पाबंद किया है। जानकारी के अनुसार 28 जनवरी को आरती नगर स्थित आश्रम में साध्वी प्रेम बाईसा की तबीयत अचानक बिगड़ गई थी। शाम करीब पांच बजे कम्पाउण्डर देवीसिंह को आश्रम बुलाया गया, जहां उसने डेक्सोना और डायनापार नामक दो इंजेक्शन एक ही सीरिंज में भरकर साध्वी को लगा दिए। इंजेक्शन लगाने के करीब बीस मिनट बाद उनकी हालत और गंभीर हो गई, जिसके बाद उन्हें पाल रोड स्थित निजी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन वहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पोस्टमार्टम और एफएसएल रिपोर्ट में साध्वी की मृत्यु का कारण अस्थमा के दौरान कार्डियक अरेस्ट बताया गया था। हालांकि इंजेक्शन के प्रभाव और संभावित रिएक्शन को लेकर पुलिस ने विशेषज्ञों से दोबारा राय मांगी थी। नई चिकित्सकीय राय में इंजेक्शन के कारण मृत्यु होने की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया गया, जिसके आधार पर 17 फरवरी को कम्पाउण्डर के खिलाफ उपेक्षापूर्ण कृत्य से मृत्यु कारित करने का मामला दर्ज किया गया।
February 22, 2026
राजस्थान न्यूज़: लावाड़। राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे शनिवार को अपने निर्वाचन क्षेत्र झालावाड़ के दौरे पर पहुंचीं, जहां एक जनसंवाद कार्यक्रम के दौरान भावुक क्षण देखने को मिला। बकानी क्षेत्र के खोयरा गांव स्थित मुक्तेश्वर महादेव मंदिर में पूजा-अर्चना करने के बाद राजे सांसद दुष्यंत सिंह की जनसंवाद पदयात्रा के तीसरे चरण के शुभारंभ समारोह में शामिल हुईं। कार्यक्रम के दौरान एक युवती द्वारा सुनाई गई कविता ने माहौल को भावनात्मक बना दिया और वसुंधरा राजे मंच पर ही भावुक होकर रो पड़ीं। कार्यक्रम में बकानी की युवती अदिति शर्मा ने वसुंधरा राजे के सम्मान में कविता का पाठ किया, जिसमें उनके माता-पिता राजमाता विजयाराजे सिंधिया और जीवाजीराव सिंधिया के साथ-साथ उनके दिवंगत भाई माधवराव सिंधिया का उल्लेख किया गया। कविता में उनके राजनीतिक जीवन, शासन शैली और जनकल्याणकारी योजनाओं को भी संवेदनात्मक रूप से प्रस्तुत किया गया था। अपने परिवार का उल्लेख सुनते ही राजे स्वयं को संभाल नहीं सकीं और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े, जिससे कार्यक्रम में मौजूद लोग भी भावुक हो गए। इस घटनाक्रम के बाद पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने सोशल मीडिया पर भी अपनी भावनाएं साझा कीं। उन्होंने लिखा कि कविता में उनके पूरे परिवार और जीवन के महत्वपूर्ण व्यक्तियों का उल्लेख था, जिसे सुनकर वे अपने आंसू नहीं रोक पाईं। उन्होंने कहा कि उनके माता-पिता और भाई का उनके जीवन में अमूल्य योगदान रहा है और आज भी जनता के प्यार में वे अपने परिवार की झलक महसूस करती हैं। भावुक माहौल के बीच पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने जनता को संबोधित करते हुए राजनीतिक संदेश भी दिया। उन्होंने कहा कि जीवन में उतार-चढ़ाव आते रहते हैं और धन-दौलत से अधिक महत्वपूर्ण जनता का स्नेह और विश्वास होता है। उन्होंने कहा कि यदि जनता का प्यार मिलता रहेगा तो समय अवश्य बदलेगा। राजे ने स्पष्ट किया कि जनसंवाद यात्रा का उद्देश्य चुनावी राजनीति नहीं बल्कि जनता से संवाद करना और उनका आशीर्वाद प्राप्त करना है। यात्रा के दौरान किसानों की समस्याएं भी प्रमुखता से सामने आईं। हाल ही में तेज हवाओं और बेमौसम बारिश से अफीम सहित कई फसलों को भारी नुकसान पहुंचने की शिकायत किसानों ने रखी। किसानों ने विशेष गिरदावरी करवाकर शीघ्र मुआवजा देने की मांग की। इस पर सांसद दुष्यंत सिंह ने किसानों को भरोसा दिलाया कि वे राज्य सरकार से बातचीत कर राहत दिलाने का प्रयास करेंगे।
February 21, 2026
राजस्थान न्यूज़: जोधपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 28 फरवरी को राजस्थान दौरे से पहले प्रदेश की राजनीति गर्माती नजर आ रही है। पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जोधपुर में मीडिया से बातचीत के दौरान रिफाइनरी परियोजना, स्थानीय चुनाव, सामाजिक योजनाओं और राज्य बजट को लेकर वर्तमान सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि लंबे समय से चर्चा में रही रिफाइनरी परियोजना का उद्घाटन अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है, जबकि कई बार इसकी तिथियां घोषित की जा चुकी हैं। गहलोत ने सवाल उठाया कि गृह मंत्री के जोधपुर दौरे के बाद भी यदि उद्घाटन तय नहीं है तो प्रधानमंत्री से इसका उद्घाटन क्यों नहीं कराया जा रहा। जोधपुर एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए गहलोत ने कहा कि राजस्थान में जनहित से जुड़ी कई योजनाएं ठप पड़ी हुई हैं और सरकार विकास के बजाय राजनीतिक एजेंडे पर अधिक ध्यान दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निकाय और पंचायत चुनावों को जानबूझकर टाला जा रहा है, जबकि सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट स्पष्ट रूप से कह चुके हैं कि स्थानीय निकाय चुनाव समय पर कराना संवैधानिक जिम्मेदारी है। इसके बावजूद चुनाव प्रक्रिया में देरी लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए उचित नहीं है। पूर्व मुख्यमंत्री ने प्रदेश में तैयार सरकारी भवनों के उपयोग नहीं होने का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि जोधपुर में लाइब्रेरी, अस्पताल और विश्वविद्यालयों की आधुनिक इमारतें तैयार हैं, लेकिन स्टाफ और संसाधनों की भारी कमी के कारण उनका पूरा लाभ जनता तक नहीं पहुंच पा रहा। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि मगरा पूंजला अस्पताल की नई बिल्डिंग बनकर तैयार है, लेकिन वहां डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ की नियुक्ति अब तक नहीं की गई है, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। गहलोत ने सामाजिक योजनाओं को लेकर भी राज्य सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि बुजुर्ग पेंशन, छात्राओं की स्कूटी योजना और छात्रवृत्ति जैसी योजनाएं बंद या धीमी हो गई हैं। साथ ही ठेकेदारों के भुगतान लंबित होने के कारण कई विकास कार्य रुक गए हैं। उन्होंने केंद्र सरकार पर चुनावी ध्रुवीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि बिहार चुनाव के दौरान खातों में राशि भेजे जाने पर चुनाव आयोग ने कोई आपत्ति नहीं जताई थी, जबकि अब अलग मानदंड अपनाए जा रहे हैं। राज्य बजट पर प्रतिक्रिया देते हुए गहलोत ने कहा कि मारवाड़ और विशेष रूप से जोधपुर क्षेत्र की अनदेखी की गई है। उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार के दौरान राजीव गांधी लिफ्ट कैनाल परियोजना के तीसरे चरण पर करीब 1400 करोड़ रुपए खर्च किए गए थे, जिससे जोधपुर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों को पेयजल उपलब्ध कराने की योजना थी। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में इस परियोजना की गति धीमी पड़ गई है और यदि उस समय केंद्र सरकार के भरोसे रहा जाता तो यह योजना शुरू भी नहीं हो पाती।
February 20, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर/दिल्ली। राजस्थान के बहुचर्चित जल जीवन मिशन (JJM) घोटाले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) की कार्रवाई लगातार तेज होती जा रही है। रिटायर्ड आईएएस सुबोध अग्रवाल तीसरे दिन भी जांच एजेंसियों की पकड़ से बाहर रहे। उनकी तलाश में एसीबी ने गुरुवार को दिल्ली में पांच अलग-अलग स्थानों पर छापेमारी की, हालांकि किसी भी ठिकाने से उनकी मौजूदगी के पुख्ता सबूत नहीं मिले। इधर, मामले में गिरफ्तार तीन चीफ इंजीनियरों सहित कुल दस आरोपियों से एसआईटी अधिकारियों ने करीब आठ घंटे तक गहन पूछताछ की। पूछताछ के दौरान फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र, टेंडर प्रक्रिया और कथित कमीशन नेटवर्क को लेकर कई अहम सवाल पूछे गए। जांच एजेंसियों के अनुसार पूछताछ में विभाग के कई अन्य इंजीनियरों और अधिकारियों के नाम भी सामने आए हैं, जिससे घोटाले का दायरा और बढ़ने की संभावना है। फर्जी सर्टिफिकेट के बदले 15 लाख रुपए की डील जांच में सामने आया कि बिलासपुर से गिरफ्तार आरोपी मुकेश पाठक ने फर्जी अनुभव प्रमाण पत्र तैयार कराने के लिए महेश मित्तल से लगभग 15 लाख रुपए लिए थे। बैंक स्टेटमेंट की जांच में इस लेन-देन की पुष्टि भी हो चुकी है। एसीबी अधिकारियों का मानना है कि फर्जी दस्तावेजों के जरिए ठेकों की पात्रता तय कर बड़े स्तर पर आर्थिक अनियमितताएं की गईं। दो अधीक्षण अभियंताओं पर लुकआउट नोटिस एसीबी के डीआईजी डॉ. रामेश्वर सिंह ने बताया कि फरार अधीक्षण अभियंता जितेंद्र शर्मा और तत्कालीन एसई मुकेश गोयल के खिलाफ भी लुकआउट नोटिस जारी कर दिया गया है। इससे पहले रिटायर्ड आईएएस सुबोध अग्रवाल के खिलाफ भी लुकआउट नोटिस जारी किया जा चुका है। जांच एजेंसियां देशभर के एयरपोर्ट और इमीग्रेशन पॉइंट्स पर निगरानी बढ़ा चुकी हैं। गिरफ्तार इंजीनियरों पर निलंबन की तैयारी जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने घोटाले में गिरफ्तार इंजीनियरों की फाइल तलब कर ली है और विभागीय कार्रवाई के तहत निलंबन के निर्देश दिए हैं। मंत्री ने कहा कि फर्जी अनुभव प्रमाण पत्रों के आधार पर ठेके देने और वित्तीय अनियमितताओं के मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी।अब तक 979 करोड़ घोटाले में बड़ी गिरफ्तारियां एसीबी की विशेष जांच टीम (SIT) अब तक करीब 979 करोड़ रुपए के जेजेएम घोटाले में कई वरिष्ठ अधिकारियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें जलदाय विभाग के चीफ इंजीनियर (प्रशासन) दिनेश गोयल, केडी गुप्ता, एडिशनल चीफ इंजीनियर शुभांशु दीक्षित, वित्तीय सलाहकार सुशील शर्मा, सीई निरिल कुमार, एक्सईएन विशाल सक्सेना, रिटायर्ड एसीई अरुण श्रीवास्तव, डीके गौड़ और रिटायर्ड एसई महेंद्र सोनी शामिल हैं। वहीं कुछ इंजीनियरों ने हाईकोर्ट से राहत भी ले रखी है।
February 20, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। राजस्थान विधानसभा में उद्योग, निवेश, खेल और युवा सशक्तीकरण पर चर्चा के दौरान उद्योग एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने राज्य सरकार की औद्योगिक विकास रणनीति और निवेश उपलब्धियों का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया। उन्होंने कहा कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट के तहत हुए 35 लाख करोड़ रुपए के निवेश समझौतों (MoU) में से करीब 8 लाख करोड़ रुपए के निवेश की ग्राउंडिंग शुरू हो चुकी है, जो राज्य में औद्योगिक क्रांति की दिशा में बड़ा कदम है। उद्योग एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि सरकार केवल घोषणाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि निवेश, उत्पादन, निर्यात और रोजगार सृजन को जमीन पर उतारने के लिए तेज गति से काम कर रही है। उद्योग एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने बताया कि HPCL पचपदरा रिफाइनरी से जुड़े डाउनस्ट्रीम प्रोजेक्ट्स को गति दी जा रही है और प्रस्तावित पेट्रो जोन में 50 से अधिक उत्पाद निर्माण की दिशा में कार्य चल रहा है। इससे पश्चिमी राजस्थान में पेट्रो-केमिकल उद्योगों का मजबूत नेटवर्क विकसित होगा। उन्होंने कहा कि अलवर में 2200 करोड़ रुपए का निवेश शुरू होने जा रहा है, जबकि जयपुर में डाटा सेंटर और आधुनिक मेडिकल संस्थानों की स्थापना की प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। धौलपुर, जोधपुर और सीकर जिलों में नई औद्योगिक इकाइयों की शुरुआत राज्य के औद्योगिक विस्तार का संकेत है। उन्होंने राज्य सरकार की कार्यशैली को “नीति भी स्पष्ट, नीयत भी साफ, परिणाम देता राजस्थान” बताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफॉर्म और रिजॉल्व मंत्र तथा मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान ने विकास योजनाओं को कागजों से निकालकर क्रियान्वयन तक पहुंचाया है। उनके अनुसार राज्य आज देश के बड़े औद्योगिक नेटवर्क का प्रमुख केंद्र बनता जा रहा है। उद्योग एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने अवसंरचना विकास को निवेश वृद्धि की रीढ़ बताते हुए कहा कि दिल्ली-मुंबई इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के पांच नोड, जामनगर-अमृतसर इकोनॉमिक कॉरिडोर का 640 किलोमीटर हिस्सा, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के 370 किलोमीटर और वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के लगभग 500 किलोमीटर हिस्से से राजस्थान को दीर्घकालीन औद्योगिक लाभ मिलेगा। लगभग ढाई लाख करोड़ रुपए की लागत से विकसित हो रहा यह इंफ्रास्ट्रक्चर भविष्य में राज्य की औद्योगिक अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई देगा। उद्योग प्रोत्साहन योजनाओं का उल्लेख करते हुए उद्योग एवं खेल मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने बताया कि RIPS-2024 लागू होने के बाद उद्योगों को स्पष्ट दिशा-निर्देश दिए गए, जिससे निवेश प्रक्रिया तेज हुई। जहां पिछली सरकार के अंतिम दो वर्षों में उद्योगों को 487 करोड़ रुपए का अनुदान दिया गया था, वहीं वर्तमान सरकार ने दो वर्षों में ही 1600 करोड़ रुपए से अधिक की सहायता वितरित की है। MSME पॉलिसी-2024 के तहत उद्योगों को 6 प्रतिशत ब्याज अनुदान और अतिरिक्त 2 प्रतिशत सहायता दी जा रही है, जिससे छोटे और मध्यम उद्योगों को मजबूती मिल रही है। सिंगल विंडो सिस्टम की सेवाओं को भी 88 से बढ़ाकर 181 कर दिया गया है, जिससे उद्योग स्थापना की प्रक्रिया सरल हुई है। उन्होंने बताया कि सरकार को अब तक लगभग 30 हजार स्वरोजगार आवेदन प्राप्त हुए हैं और एक लाख नए उद्यमी तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है। खेल क्षेत्र का उल्लेख करते हुए राठौड़ ने कहा कि 1786 खिलाड़ियों को 40 करोड़ रुपए से अधिक की प्रोत्साहन राशि दी गई तथा 186 खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियां प्रदान की गई हैं। खेलो इंडिया यूथ गेम्स में राजस्थान ने 60 पदक जीतकर तीसरा स्थान हासिल किया, जबकि शूटिंग स्पर्धा में 32 स्वर्ण पदकों के साथ पहला स्थान प्राप्त किया, जो राज्य की उभरती खेल क्षमता का प्रमाण है।
February 20, 2026
राजस्थान न्यूज़: तीर्थराज पुष्कर की दिव्यता और भव्यता को नई पहचान देने की दिशा में राज्य सरकार ने विकास कार्यों को तेज करने के संकेत दिए हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी साझा करते हुए बताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय में गुरुवार को आयोजित बैठक में भगवान ब्रह्मा जी की पावन नगरी पुष्कर के समग्र विकास की कार्ययोजना की समीक्षा की गई। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि पुष्कर को विश्वस्तरीय तीर्थाटन और आध्यात्मिक केंद्र के रूप में विकसित किया जाए, जहां श्रद्धालुओं को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हों और साथ ही धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत सुरक्षित रहे। बैठक में आधारभूत सुविधाओं के विस्तार, सौंदर्यीकरण, स्वच्छता, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया। वहीं पुष्कर विधायक एवं जल संसाधन मंत्री सुरेश सिंह रावत ने भी सोशल मीडिया पर बयान जारी करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार पुष्कर की दिव्यता, भव्यता और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि बैठक में चल रही और प्रस्तावित योजनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई तथा ऐतिहासिक और धार्मिक पहचान को अक्षुण्ण रखते हुए विकास कार्य आगे बढ़ाने के निर्देश दिए गए। बैठक में राजस्थान धरोहर संरक्षण एवं प्रोन्नति प्राधिकरण के अध्यक्ष ओंकार सिंह लखावत सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। गौरतलब है कि इससे पूर्व 24 नवंबर 2025 को पुष्कर के आरटीडीसी होटल सरोवर में ब्रह्मलोक कॉरिडोर और पुष्कर सरोवर परिक्रमा मार्ग विकास परियोजना को लेकर उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। प्रस्तावित ब्रह्मलोक कॉरिडोर को काशी और उज्जैन की तर्ज पर विकसित करने की रूपरेखा पर विस्तृत चर्चा की गई। इस दौरान मंत्री सुरेश सिंह रावत ने स्पष्ट किया था कि परियोजना को लेकर फैलाई जा रही भ्रांतियां निराधार हैं और किसी का मकान या भवन नहीं तोड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि कॉरिडोर निर्माण से हजारों लोगों को रोजगार मिलेगा और परियोजना अभी प्रारंभिक चरण में है। वही दूसरी ओर धरोहर प्राधिकरण अध्यक्ष ओंकार सिंह लखावत ने कहा था कि मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री इस परियोजना को लेकर गंभीर हैं और नियमित समीक्षा कर रहे हैं। जिला कलेक्टर लोकबंधु ने भी बताया था कि पिछले वर्षों (2024) में जहां पुष्कर में लगभग 50 लाख पर्यटक आते थे, वहीं अब यह(2025) संख्या बढ़कर एक करोड़ से अधिक हो गई है। बढ़ती पर्यटक संख्या को देखते हुए सुरक्षा, यातायात प्रबंधन, धार्मिक संरचनाओं के संरक्षण और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता दी जाएगी। बैठक में सामाजिक संगठनों, तीर्थ पुरोहित संघ, व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों से भी सुझाव लिए गए। प्रशासन ने आमजन से लिखित सुझाव भी आमंत्रित किए हैं, जिनके आधार पर विस्तृत प्रतिवेदन तैयार कर सरकार को सौंपा जाएगा।
February 20, 2026
राजस्थान न्यूज़: प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत गुरुवार शाम दौसा पहुंचे जहां वह विधायक डीडी बैरवा की भतीजी के शादी समारोह में शरीक हुए इसके बाद गहलोत राजकीय जिला चिकित्सालय, दौसा पहुंचे जहां उन्होंने सिलिकोसिस मरीजों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और चिकित्सकों को मरीजों के बेहतर उपचार की निर्देश दिए। वहीं मीडिया से मुखातिब होते हुए गहलोत ने कहा कि दौसा व आसपास के जिलों में सिलिकोसिस की बीमारी तेजी से फैल रही है जिससे काफी संख्या में युवाओं की मौतें हो रही हैं। मौत के बाद मिलने वाली सहायता राशि कई माह से अटकी हुई है ऐसे में केंद्र व राज्य सरकार को सिलिकोसिस बीमारी को गंभीरता से लेना चाहिए और इसके रोगियों व परिजनों को समय पर सहायता राशि स्वीकृत करनी चाहिए। इसके अलावा जहां से सिलिकोसिस बीमारी फैल रही है उस क्षेत्र के कारखानों पर निगरानी होनी चाहिए व ठेकेदारों को पाबंद किया जाना चाहिए। वही गहलोत ने कहा कि केंद्र की जो टीम सिलिकोसिस को लेकर दौसा आएगी वह केवल औपचारिकता नहीं बरते , गंभीरता दिखाए यह जरूरी है। कांग्रेस सिलिकोसिस को बड़ा मुद्दा बनाएगी और सरकार पर दबाव बनाएंगे। वहीं उन्होंने ट्रंप के द्वारा देश के प्रति अपमानजनक व्यवहार पर भी केंद्र को घेरा ।
February 17, 2026
राजस्थान न्यूज़: जयपुर। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की विशेष जांच टीम ने मंगलवार सुबह बड़ा अभियान चलाते हुए राजस्थान सहित देश के विभिन्न राज्यों में एक साथ छापेमारी की कार्रवाई शुरू की। जानकारी के अनुसार जयपुर, बाड़मेर, दिल्ली, सीकर, बिहार, झारखंड और जालोर सहित कुल 15 स्थानों पर एक साथ दबिश दी गई। यह कार्रवाई रिटायर्ड आईएएस अधिकारी सुबोध अग्रवाल से जुड़े संभावित ठिकानों और करीब 15 आरोपियों के परिसरों पर की जा रही है। सूत्रों के मुताबिक एसीबी की टीम मंगलवार सुबह से ही अलग-अलग स्थानों पर तलाशी अभियान चला रही है। कुछ आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जिन लोगों से पूछताछ की जा रही है, उनमें केडी गुप्ता, नीरज कुमार, सुशील शर्मा, डीके गोड़, महेंद्र सोनी, विशाल सख्सेना, दिनेश गोयल, शुभांशु दीक्षित और अरुण श्रीवास्तव के नाम सामने आए हैं। अधिकारियों ने अभी तक आधिकारिक रूप से विस्तृत जानकारी साझा नहीं की है, लेकिन बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई संगठित भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामले में की जा रही है। एसीबी की यह कार्रवाई विशेष जांच टीम पुलिस अधिकारी पुष्पेंद्र राठौड़ के नेतृत्व में छापेमारी की जा रही है। टीम दस्तावेजों, इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और वित्तीय लेन-देन से जुड़े रिकॉर्ड की जांच कर रही है। छापेमारी के दौरान महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य बरामद होने की संभावना जताई जा रही है। सूत्रों का कहना है कि यह मामला लंबे समय से जांच के दायरे में था और प्रारंभिक साक्ष्य मिलने के बाद एक साथ कई स्थानों पर कार्रवाई की रणनीति बनाई गई। छापों के बाद संबंधित व्यक्तियों से पूछताछ तेज की जाएगी और आवश्यक होने पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। एसीबी की इस व्यापक कार्रवाई से प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई है। आने वाले दिनों में जांच के दायरे में और नाम सामने आने की संभावना जताई जा रही है।
February 14, 2026
राजस्थान न्यूज़: चूरू। कृषि मंत्री डॉ. किरोड़ी लाल मीणा ने राजस्थान में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बड़ा घोटाला होने का आरोप लगाया है। कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा के अनुसार प्रदेश में करीब 15 हजार ऐसे लोगों का फसल बीमा प्रीमियम काटा गया, जिनके नाम पर कोई जमीन ही दर्ज नहीं है। इन फर्जी किसानों के नाम पर कुल 1150 करोड़ रुपए का क्लेम पास किया गया है। यह बीमा किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) धारकों के नाम पर किया गया था। शुक्रवार को मीणा चूरू जिले के सालासर स्थित स्टेट बैंक ऑफ़ इंडियाकी शाखा पहुंचे। उन्होंने दावा किया कि सिर्फ सालासर ब्रांच में ही 71 ऐसे लोगों के नाम सामने आए हैं, जिनका बीमा प्रीमियम काटा गया, जबकि वे वास्तविक किसान नहीं हैं। मंत्री ने जमाबंदी की प्रतियां दिखाते हुए कहा कि इन व्यक्तियों के नाम पर न तो कोई खसरा नंबर दर्ज है और न ही जमीन का रिकॉर्ड मौजूद है। उन्होंने बताया कि इन 71 लोगों को 12-12 लाख रुपए, यानी करीब 9 करोड़ रुपए का भुगतान प्रस्तावित था और प्रक्रिया लगभग पूरी हो चुकी थी। किसान और पिता का नाम एक जैसा कृषि मंत्री डॉ.किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि सूची में कई मामलों में किसान और उनके पिता का नाम एक जैसा दर्ज है, जो संदेह पैदा करता है। उन्होंने बताया कि इनका बीमा एआईसी (AIC) कंपनी के माध्यम से किया गया था। मंत्री ने शाखा प्रबंधक से संबंधित दस्तावेज मांगे, लेकिन मौके पर कोई सूची उपलब्ध नहीं कराई गई।