April 10, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने शुक्रवार को राज्यसभा सांसद के रूप में शपथ ली। उन्हें उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने अपने कक्ष में शपथ दिलाई। इस मौके पर केंद्र और बिहार एनडीए के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे, जिनमें वित्त मंत्री नीलम निर्मला सीतारमण , केंद्रीय चिकित्सा मंत्री जेपी नड्डा और केंद्रीय कानून राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल शामिल थे। शपथ के दौरान दिलचस्प पल भी देखने को मिला, जब संजय झा ने हस्ताक्षर के लिए उन्हें पेन दिया। साइन करने के बाद नीतीश कुमार ने सहज अंदाज में कहा—“हो गया… चलें…”, जिस पर मौजूद लोगों ने उन्हें फोटो सेशन के लिए रुकने को कहा। चारों सदनों के सदस्य बनने का बनाया इतिहास नीतीश कुमार ने इस शपथ के साथ एक खास रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया है। वे देश के उन चुनिंदा नेताओं में शामिल हो गए हैं, जो चारों सदनों—लोकसभा, राज्यसभा, बिहार विधानसभा और बिहार विधान परिषद—के सदस्य रह चुके हैं। खास बात यह है कि यह उनका राज्यसभा में पहला कार्यकाल है। शपथ के बाद कार्यकर्ताओं से मुलाकात शपथ ग्रहण के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कार्यकर्ताओं और नेताओं से मुलाकात की। इस दौरान संजय झा और लल्लन सिंह भी मौजूद रहे। इसके बाद वे पटना के लिए रवाना हो गए। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का यह कदम राजनीतिक रूप से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि वे लंबे समय से सक्रिय राजनीति में विभिन्न भूमिकाओं में रहे हैं और अब राज्यसभा के माध्यम से राष्ट्रीय स्तर पर अपनी भूमिका निभाएंगे।
April 10, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। राज्यसभा के पूर्व उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह को एक बार फिर संसद में जगह मिली है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उन्हें राज्यसभा के लिए मनोनीत किया, जिसके बाद उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने अपने कक्ष में उन्हें शपथ दिलाई। हरिवंश का पिछला कार्यकाल 9 अप्रैल को समाप्त हो गया था। उनकी पार्टी जनता दल यूनाइटेडने इस बार उन्हें पुनः उम्मीदवार नहीं बनाया, जिसके बाद राष्ट्रपति ने उन्हें मनोनीत सदस्य के रूप में चुना। रंजन गोगोई की खाली सीट भरी गई यह सीट पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई के सेवानिवृत्त होने के बाद खाली हुई थी। 69 वर्षीय हरिवंश अब वर्ष 2032 तक राज्यसभा के सदस्य रहेंगे। राज्यसभा में कुल 12 सदस्य ऐसे होते हैं, जिन्हें राष्ट्रपति द्वारा मनोनीत किया जाता है। इनका चयन कला, साहित्य, विज्ञान और समाज सेवा जैसे क्षेत्रों में विशेष योगदान के आधार पर किया जाता है। हरिवंश का यह मनोनयन राजनीतिक रूप से भी अहम माना जा रहा है, क्योंकि उनकी पार्टी ने उन्हें इस बार टिकट नहीं दिया था, फिर भी उन्हें संसद में दोबारा मौका मिला है।
April 7, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: चंडीगढ़। पूर्व क्रिकेटर और कांग्रेस के पूर्व पंजाब अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी डॉ. नवजोत कौर सिद्धू ने राजनीति में बड़ा कदम उठाते हुए अपनी नई पार्टी ‘भारतीय राष्ट्रवादी पार्टी’ के गठन की घोषणा कर दी है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) पर देर रात पोस्ट साझा करते हुए इस नई राजनीतिक पहल की जानकारी दी। डॉ. नवजोत कौर सिद्धू द्वारा साझा की गई पोस्ट में एक तस्वीर भी शामिल थी, जिसके बैकग्राउंड में पार्टी का नाम स्पष्ट रूप से लिखा हुआ था। उन्होंने अपने संदेश में इसे “बहुप्रतीक्षित घोषणा” बताते हुए कहा कि यह पार्टी देश को एक नया राष्ट्रीय विकल्प देने के उद्देश्य से बनाई गई है। उन्होंने लिखा कि मौजूदा राजनीतिक नेतृत्व के प्रदर्शन का गहन अध्ययन और मूल्यांकन करने के बाद यह निर्णय लिया गया है। उन्होंने अपने बयान में कहा कि उनकी पार्टी का उद्देश्य केवल सत्ता हासिल करना नहीं, बल्कि देश की सेवा करना और लोगों को वह देना है, जिसके वे वास्तविक हकदार हैं। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी सोच राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए एक नई राजनीतिक दिशा देने की है। गौरतलब है कि पार्टी की घोषणा के दौरान उनके पति नवजोत सिंह सिद्धू उनके साथ नजर नहीं आए, जिससे राजनीतिक हलकों में कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। पिछले वर्ष डॉ. नवजोत कौर सिद्धू को कांग्रेस पार्टी से निष्कासित कर दिया गया था, जिसके बाद उनके भाजपा के साथ बढ़ते संबंधों की चर्चाएं भी सामने आई थीं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस नई पार्टी के गठन से पंजाब सहित राष्ट्रीय राजनीति में नए समीकरण बन सकते हैं। हालांकि, आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह पार्टी किस प्रकार अपनी पकड़ मजबूत कर पाती है और क्या यह स्थापित दलों को चुनौती देने में सफल होती है।
April 7, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन से दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में शिष्टाचार भेंट की। इस मुलाकात के दौरान संगठनात्मक विषयों, राज्य की विकास योजनाओं और विभिन्न समसामयिक मुद्दों पर चर्चा होने की जानकारी सामने आई है। यह भेंट औपचारिक होने के साथ-साथ राजनीतिक समन्वय और संवाद को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इस अवसर पर राजस्थान में चल रही विकास योजनाओं, जनकल्याणकारी कार्यक्रमों और सरकार की प्राथमिकताओं से राष्ट्रीय नेतृत्व को अवगत कराया। वहीं भाजपा संगठन के स्तर पर आगामी कार्यक्रमों और रणनीतियों को लेकर भी विचार-विमर्श किया गया। इस मुलाकात को राज्य और केंद्र के बीच बेहतर तालमेल तथा संगठनात्मक मजबूती के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस तरह की शिष्टाचार मुलाकातें न केवल संवाद को सुदृढ़ करती हैं, बल्कि भविष्य की नीतियों और कार्यक्रमों के बेहतर क्रियान्वयन में भी सहायक होती हैं। भाजपा नेतृत्व के साथ मुख्यमंत्री की यह बैठक संगठन और सरकार के बीच समन्वय को और मजबूत करने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।
April 3, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। सब इंस्पेक्टर भर्ती-2025 परीक्षा से ठीक दो दिन पहले सुप्रीम कोर्ट ने राजस्थान लोक सेवा आयोग (आरपीएससी) को बड़ी राहत देते हुए अपने पूर्व आदेश में संशोधन कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि गुरुवार को दिया गया आदेश केवल याचिकाकर्ता सूरजमल मीणा तक ही सीमित रहेगा और इसे सभी अभ्यर्थियों पर लागू नहीं किया जा सकता। सुप्रीम कोर्ट ने यह भी कहा कि एक व्यक्ति दूसरे के लिए राहत की मांग नहीं कर सकता। सुप्रीम कोर्ट ने एक दिन पहले यानी गुरुवार को आदेश दिया था कि एसआई भर्ती-2021 के सभी अभ्यर्थियों को 5 और 6 अप्रैल को होने वाली भर्ती परीक्षा में शामिल होने का अवसर दिया जाए। ये वे अभ्यर्थी थे जो आयु सीमा पार होने के कारण SI भर्ती-2025 के लिए आवेदन नहीं कर सके थे। हालांकि, शुक्रवार को आदेश में संशोधन के बाद अब यह राहत केवल संबंधित याचिकाकर्ता तक सीमित कर दी गई है, जिससे बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को झटका लगा है। इस मामले में आरपीएससी ने सुप्रीम कोर्ट में प्रार्थना पत्र दायर कर कहा था कि परीक्षा से ठीक पहले करीब 2.21 लाख अतिरिक्त अभ्यर्थियों के आवेदन स्वीकार करना और उन्हें एडमिट कार्ड जारी करना व्यावहारिक रूप से संभव नहीं है। आरपीएससी ने यह भी दलील दी कि 7.5 लाख से अधिक अभ्यर्थियों को पहले ही एडमिट कार्ड जारी किए जा चुके हैं और परीक्षा केंद्रों पर सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। ऐसे में अंतिम समय पर इतने बड़े स्तर पर बदलाव करना व्यवस्था को प्रभावित कर सकता है। आरपीएससी की ओर से अधिवक्ता राजेश सिंह चौहान ने सुप्रीम कोर्ट से अनुरोध किया था कि आदेश को केवल याचिकाकर्ताओं तक सीमित रखा जाए। इस पर अवकाश के दिन सुनवाई करते हुए जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस सतीश चंद्र शर्मा की बेंच ने संशोधित आदेश जारी किया। यह पूरा विवाद एसआई भर्ती-2021 से जुड़ा हुआ है। राजस्थान हाईकोर्ट की एकलपीठ ने 28 अगस्त 2025 को पेपर लीक और गंभीर अनियमितताओं के आधार पर इस भर्ती को रद्द कर दिया था। साथ ही आगामी भर्ती में शामिल होने के लिए अभ्यर्थियों को आयु सीमा में छूट देने की सिफारिश भी की गई थी। हालांकि इस फैसले पर 8 सितंबर 2025 को हाईकोर्ट की खंडपीठ ने स्टे लगा दिया था। आरपीएससी ने इसके बाद आयु सीमा में कोई विशेष छूट नहीं दी, जिसके चलते प्रभावित अभ्यर्थियों ने पुनः न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। सुप्रीम कोर्ट से मामला वापस आने के बाद हाईकोर्ट की खंडपीठ ने 19 जनवरी 2026 को सुनवाई पूरी कर फैसला सुरक्षित रख लिया था, लेकिन अब तक उस पर निर्णय नहीं आया है। ऐसे में परीक्षा से ठीक पहले आए इस संशोधित आदेश ने भर्ती प्रक्रिया को लेकर स्पष्टता तो दी है, लेकिन हजारों अभ्यर्थियों की उम्मीदों को झटका भी पहुंचाया है।
April 2, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: अजमेर, 2 अप्रेल। विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्राी श्री नितिन गडकरी से शिष्टाचार भेंट कर अजमेर शहर में बढ़ते यातायात दबाव को कम करने तथा सुव्यवस्थित एवं सुगम आवागमन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रस्तावित आउटर रिंग रोड के निर्माण की मांग रखी। इस संबंध में उन्होंने विस्तृत प्रस्ताव प्रस्तुत करते हुए बताया कि पूर्व में भी इस विषय में निवेदन किया जा चुका है। श्री देवनानी ने श्री गडकरी को अवगत कराया कि राज्य सरकार द्वारा बजट वर्ष 2025-26 में अजमेर शहर के लिए प्रस्तावित आउटर रिंग रोड की डीपीआर तैयार करने के लिए 3 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्रदान की जा चुकी है । सार्वजनिक निर्माण विभाग द्वारा लगभग 892 करोड़ रुपए की योजना तैयार करवाई गई है। उन्होंने आग्रह किया कि अजमेर और पुष्कर की राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय पहचान को दृष्टिगत रखते हुए इस महत्वपूर्ण परियोजना को केंद्रीय स्तर पर स्वीकृति प्रदान कर शीघ्र क्रियान्वित किया जाए। उन्होंने बताया कि अजमेर धार्मिक एवं प्रशासनिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण शहर है। जहां विश्व प्रसिद्ध तीर्थराज पुष्कर एवं ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती की दरगाह स्थित है। इसके अतिरिक्त यहां कई राज्य स्तरीय विभागों के मुख्यालय भी संचालित हैं। इससे प्रतिदिन यातायात का अत्यधिक दबाव बना रहता है। वर्तमान में अजमेर से प्रतिदिन लगभग 800 रोडवेज बसों का अंतरजिला एवं अंतरराज्यीय संचालन होता है। इनसे हजारों यात्रियों का आवागमन होता है। साथ ही पर्यटन सीजन में देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु एवं पर्यटक यहां पहुंचते हैं, जिससे यातायात व्यवस्था और अधिक प्रभावित होती है। भारी वाणिज्यिक वाहनों की आवाजाही भी शहर की सड़कों पर अतिरिक्त दबाव बढ़ा रही है। श्री गडकरी ने कहा कि इन प्रस्तावों पर शीघ्र सकारात्मक कार्यवाही की जाएगी। श्री देवनानी ने बताया कि इस रिंग रोड के निर्माण से शहर के भीतर यातायात दबाव में उल्लेखनीय कमी आएगी। साथ ही पर्यटन और शहरी विकास को भी नए आयाम प्राप्त होंगे। उन्होंने कहा कि इस परियोजना के क्रियान्वयन से न केवल अजमेर और पुष्कर की कनेक्टिविटी बेहतर होगी, बल्कि अजमेर विकास प्राधिकरण की वित्तीय स्थिति भी सुद्दढ़ हो सकेगी। उन्होंने केंद्रीय मंत्राी से आग्रह किया कि तैयार डीपीआर के आधार पर आवश्यक बजट स्वीकृत कराते हुए संबंधित अधिकारियों को शीघ्र निर्माण कार्य प्रारंभ करने के निर्देश प्रदान किए जाएं। इससे आमजन को सुगम यातायात का लाभ शीघ्र मिल सकेगा। श्री नड्डा, श्री जोशी से भी मुलाकात विधानसभा अध्यक्ष श्री देवनानी ने केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्राी श्री जे.पी. नड्डा एवं वरिष्ठ नेता श्री मुरली मनोहर जोशी से भी मुलाकात की। इस दौरान अजमेर में स्वास्थ्य सेवाओं के विकास एवं अन्य विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई।
March 30, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: भारतीय रेलवे द्वारा रेल परिचालन में संरक्षा को और मजबूत करने के क्रम में 30 मार्च, 2026 को वडोदरा - नागदा सेक्शन पर कवच 4.0 सिस्टम को सफलतापूर्वक कमीशन किया गया। इस अवसर पर वडोदरा स्टेशन से कवच प्रणाली से लैस स्पेशल ट्रेन को हरी झंडी दिखाई गयी। इस प्रकार मिशन रफ़्तार के अंतर्गत मुंबई - नई दिल्ली मुख्य मार्ग के पश्चिम रेलवे के निर्धारित 693 रुट किलोमीटर में से 559.5 रुट किलोमीटर पर यानी अधिकतम रुट पर इस प्रणाली को स्थापित किया जा चुका है। वडोदरा - नागदा सेक्शन के अंतर्गत वडोदरा से मंगल महुडी सेक्शन (122.5 Rkm) और पंचपिपलिया - नागदा (102.01 Rkm) सेक्शन के बीच में यानी कुल 224.51 रुट किलोमीटर पर कवच प्रणाली को आज सफलतापूर्वक लांच किया गया है। मंगल महुडी से पंचपिपलिया के बीच इस प्रणाली को स्थापित करने का कार्य प्रगति पर है और जल्द ही इसे आटोमेटिक सिगनलिंग के साथ पूरा कर लिया जायेगा। वडोदरा मंडल द्वारा इससे पहले जनवरी 2026 में वडोदरा - विरार सेक्शन पर कवच सिस्टम चालू किया गया था और आज वडोदरा से गोधरा होते हुए नागदा तक इसे कमीशन किया गया है। कवच एक ट्रेन सुरक्षा प्रणाली है और यह मानवीय गलतियों के जोखिम को कम करने के लिए ट्रेन सुरक्षा की एक अतिरिक्त परत है। जो कि मानवीय त्रुटि के कारण 'सिग्नल पासिंग एट डेंजर' (SPAD) से होने वाले परिणामों को रोकती है। वडोदरा–नागदा सेक्शन पर इस जटिल कार्य के निष्पादन हेतु प्रत्येक स्टेशन तथा प्रत्येक एब्सोल्यूट/ऑटोमैटिक सिग्नलिंग सेक्शन के लिए पृथक योजना तैयार की गई, पटरियों पर 6000 से अधिक स्थानों पर RFID टैग का प्रोग्रामिंग एवं स्थापना कार्य किया गया, 26 स्टेशनों, 13 मध्य-खंडों तथा लोकोमोटिव के बीच सतत रेडियो संचार की व्यवस्था सुनिश्चित की गई, प्रत्येक स्टेशन पर कुल 39 रेडियो संचार टावर एवं आवश्यक उपकरण स्थापित किए गए, पूरे मार्ग पर UP एवं DN दोनों दिशाओं में लगभग 600 किमी लंबाई की OFC केबल बिछाई गई, साथ ही प्रत्येक स्टेशन, मध्य-खंड एवं LC गेट पर आधुनिक ‘कवच’ उपकरण स्थापित कर उन्हें मौजूदा सिग्नलिंग प्रणाली से एकीकृत किया गया, लोकोमोटिव में भी ‘कवच’ उपकरण लगाए गए तथा अंततः संपूर्ण प्रणाली का सफलतापूर्वक ट्रायल एवं परीक्षण किया गया। 'कवच' प्रणाली अपने यूरोपीय समकक्षों (ETCS) की तुलना में बहुत सस्ती है। अभी तक WAP-7, WAG9, WAP5 लोकोमोटिव में कवच प्रणाली लगाई गयी है। जल्द ही, इसे दूसरे लोकोमोटिव पर भी शुरू किया जाएगा। भारतीय रेलवे आधुनिक एवं स्वदेशी तकनीकों को अपनाकर सुरक्षित, दक्ष एवं भविष्य उन्मुख रेल नेटवर्क के निर्माण हेतु निरंतर प्रतिबद्ध है।
March 30, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: अजमेर/भोपाल 30 मार्च । राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने कहा है कि विधानसभा लोकतंत्र का मंदिर है। विधानसभा को शोर-शराबे का स्थान नहीं, बल्कि गंभीर, गरिमामय और रचनात्मक विचार-विमर्श का मंदिर बनाएं, जहाँ से जनकल्याण की दिशा तय हो और लोकतंत्र सशक्त बने। विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी सोमवार को मध्य प्रदेश विधानसभा में आयोजित दो दिवसीय युवा विधायकों के सम्मेलन के प्रारंभिक सत्र को संबोधित कर रहे थे। सम्मेलन में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, विधानसभाध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर और प्रतिपक्ष के नेता भी मौजूद रहे। श्री देवनानी ने कहा कि विधानसभा केवल एक भवन नहीं, बल्कि लोकतंत्र की आत्मा का प्रतीक होती है। यह वह मंच है जहाँ जनप्रतिनिधि जनता की आशाओं, अपेक्षाओं और समस्याओं को आवाज देते हैं। ऎसे पवित्र स्थल को शोर-शराबे, अव्यवस्था और हंगामे का केंद्र बनाना न केवल लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध है, बल्कि जनता के विश्वास के साथ भी अन्याय है। श्री देवनानी ने कहा कि विधानसभा में सार्थक विचार-विमर्श के साथ तर्क, तथ्यों और मर्यादा के साथ चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विधानसभा में जनहित के मुद्दों पर गंभीरता से बहस हो, नीतियों का सूक्ष्म विश्लेषण किया जाए और सकारात्मक समाधान खोजे जाएँ। स्वस्थ लोकतंत्र की पहचान यही है कि मतभेद होते हुए भी संवाद की गरिमा बनी रहे। जनप्रतिनिधियों को चाहिए कि वे अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन संयम, शालीनता और अनुशासन के साथ करें। व्यक्तिगत आरोप-प्रत्यारोप से ऊपर उठकर राज्य और राष्ट्रहित को सर्वाेपरि रखें। जब विधानसभा में सार्थक बहस होगी, तभी नीतियाँ प्रभावी बनेंगी और जनता का विश्वास मजबूत होगा। देवनानी ने कहा कि यह मंच केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र के भविष्य को एक नई दिशा देने का संवाद मंच है। तीन प्रदेशों का यह युवा संगम का मूल दर्शन संसदीय कूटनीति और साझा विधायी मूल्यों को गरिमामय बनाना है। उन्होंने कहा कि लोकतन्त्र में जनता के चुने प्रतिनिधियों और नागरिकों की भूमिका में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण है। युवा विधायकों को विधायिका का प्रमुख आधार बन कर और पूरी प्रतिबद्धता और सक्रियता के साथ अपने निर्वाचन क्षेत्रों की तरह ही विधायिका के काम को भी पूरा महत्व देना चाहिए तभी वे जनता के बीच अपनी प्रतिभा की छाप छोड़ सकेंगे। युवा नेतृत्व की क्षमता नवीन दृष्टि विकास की नीति निर्धारण में अहम साबित हो सकती है। उन्हें नागरिकों और विधायिका के बीच का अंतराल पाटना होगा और आधुनिक तकनीक का उपयोग करते हुए विकास में अपनी सार्थक सहभागिता की भूमिका को साबित करना होगा। विधानसभाध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने कहा कि प्रधानमन्त्री श्री नरेन्द्र मोदी का सोच है कि विकसित भारत@2047 का संकल्प पूरा करने के लिए हर जन प्रतिनिधि विशेष कर युवा जनप्रतिनिधियों अपना सक्रिय योगदान दे। विकसित भारत@2047 का संकल्प तक पूरा नहीं सकेगा जब तक समाज के अन्तिम छोर पर बैठे व्यक्ति का विकास नहीं होता। श्री देवनानी ने सम्मेलन में मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के 45 वर्ष से कम आयु के विधायकों की भागीदारी को “विधायी ऊर्जा का त्रिवेणी संगम” बताया और कहा कि युवा जनप्रतिनिधि देश के एक बड़े वर्ग ‘जनसांख्यिकीय लाभांश’ का प्रतिनिधित्व करते हैं इसलिए नीति-निर्माण में उनकी सक्रिय भागीदारी भविष्य की आवश्यकताओं को दिशा दे सकती है।
March 24, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: दिल्ली। केंद्र सरकार 2029 के लोकसभा चुनाव से पहले महिलाओं को 33% आरक्षण देने की दिशा में बड़ा कदम उठाने की तैयारी कर रही है। इसके लिए संसद के मौजूदा सत्र में दो महत्वपूर्ण विधेयक पेश किए जा सकते हैं।प्रस्तावित बदलाव के तहत लोकसभा में कुल सीटों की संख्या 543 से बढ़ाकर 816 की जा सकती है। इसमें से 273 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। इस मुद्दे पर सहमति बनाने के लिए केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने सोमवार को एनडीए और गैर-कांग्रेसी विपक्षी दलों के नेताओं के साथ बैठक की। यदि सर्वसम्मति बनती है, तो सरकार इसी सप्ताह संसद में बिल पेश कर सकती है। गौरतलब है कि वर्ष 2023 में महिला आरक्षण कानून संविधान के 106वें संशोधन के रूप में पारित किया गया था। उस कानून के अनुसार आरक्षण नई जनगणना और परिसीमन के बाद लागू होना था।अब सरकार नई जनगणना का इंतजार किए बिना 2011 की जनगणना के आधार पर परिसीमन करने पर विचार कर रही है, ताकि प्रक्रिया समय पर पूरी हो सके और महिला आरक्षण को जल्द लागू किया जा सके। यदि यह प्रस्ताव लागू होता है, तो भारतीय राजनीति में महिलाओं की भागीदारी में ऐतिहासिक वृद्धि देखने को मिल सकती है।
March 22, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते पश्चिम एशिया में बने हालात पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई, जिसमें देश की ऊर्जा और आवश्यक संसाधनों की स्थिति की समीक्षा की गई। बैठक में पेट्रोलियम, कच्चा तेल, गैस, बिजली और उर्वरकों की उपलब्धता पर चर्चा हुई। इसमें गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा, पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी, कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान, विदेश मंत्री एस. जयशंकर, नागरिक उड्डयन मंत्री राममोहन नायडू और रेल व आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव सहित कई वरिष्ठ नेता शामिल रहे।इस बीच सरकार ने हवाई किराए पर लगी सीमा हटाने का फैसला लिया है। 23 मार्च से एयरलाइंस कंपनियां मांग के अनुसार घरेलू उड़ानों के किराए तय कर सकेंगी। इससे पहले इंडिगो की उड़ानों में आई बाधाओं के बाद दिसंबर में अधिकतम किराया 18,000 रुपये तय किया गया था। वहीं गैस संकट को देखते हुए केंद्र सरकार ने राज्यों को 20 प्रतिशत अधिक एलपीजी सप्लाई देने का निर्देश जारी किया है, जिससे कुल आपूर्ति धीरे-धीरे प्री-क्राइसिस स्तर के करीब पहुंच सकेगी। दूसरी ओर सरकारी तेल कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में 2.09 से 2.35 रुपये प्रति लीटर तक की बढ़ोतरी की है। भोपाल में इसकी कीमत करीब 117 रुपये प्रति लीटर तक पहुंच गई है, जबकि सामान्य पेट्रोल की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
March 16, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने रविवार को राजस्थान दिवस के अवसर पर नई दिल्ली स्थित बीकानेर हाउस में आयोजित ‘राजस्थान उत्सव 2026’ का भव्य शुभारंभ किया। 15 से 25 मार्च तक चलने वाले इस महोत्सव में राजस्थान की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, लोक परंपराएं, हस्तशिल्प, लोकसंगीत, लोकनृत्य और पारंपरिक व्यंजनों की रंगीन झलक देखने को मिलेगी। मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि राजस्थान की कला और संस्कृति हमारी पहचान का आधार हैं और इन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयासरत है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री शर्मा ने विभिन्न जिलों से आए शिल्पकारों और राजीविका से जुड़ी महिला स्वयं सहायता समूहों की दीदियों से आत्मीय संवाद किया। उन्होंने उनके द्वारा बनाए गए हस्तशिल्प उत्पादों, पारंपरिक वस्त्रों और कलात्मक कृतियों की सराहना करते हुए उनके कार्य और अनुभव के बारे में जानकारी ली। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन शिल्पकारों और स्वयं सहायता समूहों को व्यापक बाजार और पहचान दिलाने के साथ उनकी आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बीकानेर हाउस परिसर में आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने भी दर्शकों को आकर्षित किया। अलवर के कलाकार प्रवीण प्रजापत ने पारंपरिक मटका भवाई नृत्य प्रस्तुत किया, वहीं विष्णु दत्त शर्मा द्वारा “ब्रज के रंग”, मयूर नृत्य और फूलों की होली की प्रस्तुति ने माहौल को रंगीन बना दिया। इसके साथ ही राजस्थानी फोटोग्राफी प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया गया, जिसमें प्रदेश की संस्कृति, लोकजीवन और ऐतिहासिक धरोहरों को चित्रों के माध्यम से दर्शाया गया। इस अवसर पर सांसद घनश्याम तिवाड़ी, पीपी चौधरी, दामोदर अग्रवाल, मंजू शर्मा, चुन्नीलाल गरासिया, राजेंद्र गहलोत, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास, राज्यसभा महासचिव पीसी मोदी, आवासीय आयुक्त नवीन जैन सहित कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कलाकार और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।
March 13, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: बदायूं (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले में हिंदुस्तान पेट्रोलियम के दो अधिकारियों की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मृतकों में कंपनी के डिप्टी जनरल मैनेजर (DGM) सुधीर गुप्ता (55 वर्ष) और असिस्टेंट मैनेजर सेल्स हर्षित मिश्रा (35 वर्ष) शामिल हैं। पुलिस के अनुसार इस वारदात को अंजाम देने वाला आरोपी अजय प्रताप सिंह उर्फ रामू प्लांट में पराली वेंडर के रूप में काम करता था। करीब तीन महीने पहले उसकी फर्म को ब्लैकलिस्ट कर दिया गया था, जिसके बाद से वह अधिकारियों से नाराज चल रहा था और उन्हें लगातार धमकियां दे रहा था। बताया जा रहा है कि आरोपी ने पहले भी अधिकारियों को जान से मारने की धमकी दी थी। मामले में सामने आया है कि असिस्टेंट मैनेजर हर्षित मिश्रा ने 4 फरवरी को मूसाझाग थाने में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कराया था और सुरक्षा की मांग भी की थी। वहीं आरोपी की धमकियों से डरे DGM सुधीर गुप्ता ने स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (VRS) भी ले ली थी और 31 मार्च को अपना पद छोड़ने वाले थे। इसके बावजूद आरोपी के खिलाफ समय पर सख्त कार्रवाई नहीं की गई। घटना के बाद देर रात बदायूं के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. बृजेश सिंह ने मामले में लापरवाही बरतने पर मूसाझाग थाना प्रभारी अजय कुमार और हल्का प्रभारी एसआई धर्मेंद्र कुमार को निलंबित कर दिया। पूरे मामले की जांच सीओ सिटी रजनीश कुमार उपाध्याय को सौंपी गई है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर घटना के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।