February 20, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: मेरठ/हरदोई। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के सरसंघचालक मोहन भागवत जिस वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन से मेरठ पहुंच रहे थे, उस पर उत्तर प्रदेश के हरदोई जिले में पथराव की घटना सामने आई है। पत्थर लगने से ट्रेन की एक खिड़की का शीशा टूट गया, हालांकि घटना में किसी यात्री को चोट नहीं आई और संघ प्रमुख पूरी तरह सुरक्षित बताए गए हैं। जानकारी के अनुसार यह घटना गुरुवार दोपहर करीब 3:20 बजे उस समय हुई, जब वंदे भारत एक्सप्रेस दिल्ली की ओर जा रही थी। ट्रेन के हरदोई क्षेत्र से गुजरते समय अचानक एक डिब्बे की खिड़की पर पत्थर लगने से शीशा क्षतिग्रस्त हो गया। घटना की सूचना मिलते ही रेलवे सुरक्षा बल और जीआरपी (Government Railway Police) ने मामले की जांच शुरू कर दी। प्राथमिक जांच में जीआरपी दो संभावित कारणों पर विचार कर रही है। पहला, रेलवे ट्रैक के पास क्रिकेट खेल रहे बच्चों की गेंद ट्रेन से टकराने की संभावना जताई जा रही है। दूसरा, किसी शरारती तत्व द्वारा जानबूझकर पत्थर फेंके जाने की आशंका भी जांच के दायरे में है। अधिकारियों ने आसपास के क्षेत्रों में पूछताछ शुरू कर दी है और सीसीटीवी फुटेज व स्थानीय इनपुट भी खंगाले जा रहे हैं। घटना के बावजूद ट्रेन अपनी निर्धारित यात्रा जारी रखते हुए रात करीब 9 बजे मेरठ स्टेशन पहुंची, जहां कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सरसंघचालक मोहन भागवत ट्रेन से उतरे। इसके बाद वे शताब्दीनगर स्थित माधवकुंज में ठहरे हैं। मोहन भागवत मेरठ में 20 और 21 फरवरी को आयोजित दो दिवसीय संवाद कार्यक्रम में भाग लेंगे। इस दौरान वे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के 28 जिलों के प्रबुद्ध नागरिकों से संवाद करेंगे। कार्यक्रम में सामाजिक विषयों, राष्ट्र निर्माण और संगठनात्मक गतिविधियों पर चर्चा होने की संभावना है। सूत्रों के अनुसार वे खिलाड़ियों और युवाओं से भी मुलाकात कर उनके सामाजिक अनुभवों और योगदान पर बातचीत कर सकते हैं। रेलवे प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने घटना को गंभीरता से लेते हुए ट्रेनों की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
February 16, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: भिवाड़ी। राजस्थान के औद्योगिक क्षेत्र भिवाड़ी में सोमवार सुबह एक केमिकल–पटाखा फैक्ट्री में भीषण आग लगने से कम से कम 8 मजदूरों की जिंदा जलकर मौत हो गई। हादसा खुशखेड़ा करौली औद्योगिक क्षेत्र में सुबह करीब साढ़े नौ बजे हुआ। घटना के समय फैक्ट्री में लगभग 25 मजदूर काम कर रहे थे। राहत एवं बचाव दल ने अब तक 8 शव बाहर निकाल लिए हैं, जबकि एक मजदूर के अभी भी अंदर फंसे होने की आशंका जताई जा रही है। अधिकारियों के अनुसार पुलिस को गश्त के दौरान आग लगने की सूचना मिली, जिसके तुरंत बाद बचाव अभियान शुरू किया गया। फैक्ट्री में केमिकल पदार्थों के साथ पटाखों का निर्माण भी किया जाता था, जिससे आग तेजी से फैल गई। फैक्ट्री मालिक का नाम राजेंद्र बताया जा रहा है। खुशखेड़ा और भिवाड़ी रीको अग्निशमन केंद्र से दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। आग इतनी भीषण थी कि कई शव पूरी तरह जल गए और कुछ के केवल कंकाल ही शेष बचे। बचाव दल को घटनास्थल पर जले हुए शरीर के हिस्सों को एकत्र कर प्लास्टिक बैग में सुरक्षित रखना पड़ा। मौके पर अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट सुमिता मिश्रा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (भिवाड़ी) अतुल साहू, तिजारा उपाधीक्षक शिवराज सिंह, उपखंड अधिकारी लाखन सिंह, तहसीलदार शैतान सिंह और खैरथल के अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट शिवपाल जाट सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं। प्रारंभिक आशंका है कि फैक्ट्री में सुरक्षा मानकों की अनदेखी या ज्वलनशील पदार्थों के अनुचित भंडारण के कारण आग ने विकराल रूप लिया। मृतकों की पहचान और परिजनों को सूचना देने की प्रक्रिया जारी है।
February 16, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। पंचायत परिसीमन को लेकर दायर एक और याचिका को सुप्रीम कोर्ट ने खारिज कर दिया है। इसके साथ ही राजस्थान सरकार को बड़ी राहत बरकरार रही। पंचायतों के पुनः सीमांकन को चुनौती देने वाली इस याचिका को सर्वोच्च न्यायालय ने सुनवाई के दौरान निरस्त कर दिया।राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता शिवमंगल शर्मा न्यायालय में उपस्थित रहे और सरकार का पक्ष रखा। न्यायालय के इस निर्णय के बाद राजस्थान में पंचायत चुनाव निर्धारित समय पर होने का रास्ता लगभग साफ हो गया है। पहले भी इसी प्रकार की कई याचिकाएं दायर की जा चुकी थीं, जिन्हें न्यायालय ने खारिज कर दिया था। परिसीमन प्रक्रिया को लेकर कुछ याचिकाकर्ताओं ने तर्क दिया था कि पंचायत सीमाओं के पुनर्निर्धारण में अनियमितता बरती गई है। हालांकि राज्य सरकार का कहना था कि परिसीमन प्रक्रिया विधि के अनुरूप और निर्धारित नियमों के तहत की गई है। सर्वोच्च न्यायालय द्वारा याचिका खारिज किए जाने से सरकार के रुख को मजबूती मिली है। राजनीतिक हलकों में इस फैसले को महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि पंचायत चुनावों की समय-सीमा को लेकर पहले से ही न्यायालय के निर्देश मौजूद हैं। अब कानूनी अड़चन कम होने से राज्य निर्वाचन प्रक्रिया तय कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ सकेगी।विश्लेषकों का मानना है कि लगातार याचिकाओं के खारिज होने से परिसीमन प्रक्रिया पर उठ रहे सवालों पर विराम लगेगा और चुनावी तैयारियां गति पकड़ेंगी।
February 12, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: मथुरा (वृंदावन)। वृंदावन में बुधवार को नए बने सिद्धि विनायक होटल में भीषण आग लग गई। आग लगते ही होटल के अंदर घना धुआं भर गया, जिससे अफरा-तफरी मच गई। हादसे में तीन लोग बुरी तरह झुलस गए, जबकि करीब 40 लोग होटल के अंदर फंस गए। खास बात यह है कि होटल का उद्घाटन आज ही हुआ था और कुछ ही घंटों बाद यह बड़ा हादसा हो गया। क्रेन से चला रेस्क्यू ऑपरेशन सूचना मिलते ही पुलिस और फायर ब्रिगेड की छह गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने आग बुझाने के साथ-साथ अंदर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए क्रेन की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। कई लोगों को खिड़कियों और ऊपरी मंजिलों से सुरक्षित बाहर निकाला गया। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आसपास के क्षेत्र को खाली कराकर सुरक्षा घेरा बना दिया। शॉर्ट सर्किट की आशंका प्राथमिक जानकारी के अनुसार आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी बताई जा रही है। हालांकि प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं और फायर सेफ्टी इंतजामों की भी जांच की जाएगी। झुलसे लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है।इस घटना ने होटल सुरक्षा मानकों और फायर सेफ्टी व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
February 10, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र का मंगलवार को 10वां दिन है, लेकिन लोकसभा की कार्यवाही लगातार बाधित बनी हुई है। 1 फरवरी को वर्ष 2026 का केंद्रीय बजट पेश किए जाने के बाद राष्ट्रपति के अभिभाषण पर चर्चा होनी थी, मगर लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी को बोलने देने की मांग को लेकर विपक्ष का हंगामा जारी है। इसी कारण सदन बार-बार स्थगित किया जा रहा है और बजट पर विस्तृत चर्चा आगे नहीं बढ़ पा रही है। सोमवार को भी लोकसभा की कार्यवाही महज 13 मिनट ही चल सकी। विपक्षी दलों के सांसद सदन में लगातार यह मांग करते रहे कि राहुल गांधी को अपनी बात रखने का अवसर दिया जाए। राहुल गांधी ने सदन में कहा था कि वे एक घंटे पहले स्पीकर से मिलने गए थे और उन्हें यह आश्वासन दिया गया था कि बजट चर्चा से पहले उन्हें बोलने का मौका मिलेगा, लेकिन इसके बावजूद उन्हें बोलने नहीं दिया जा रहा। उन्होंने सीधे सवाल उठाया कि क्या उन्हें सदन में अपनी बात रखने दी जाएगी या नहीं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को हटाने के प्रस्ताव की तैयारी इसी बीच विपक्षी दल लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पद से हटाने के लिए प्रस्ताव लाने की तैयारी में जुट गए हैं। सूत्रों के अनुसार, संविधान के अनुच्छेद 94(सी) के तहत यह प्रस्ताव लाया जा सकता है। बताया जा रहा है कि अब तक 103 सांसद इस प्रस्ताव पर हस्ताक्षर कर चुके हैं। हालांकि, विपक्ष को इस प्रस्ताव को पारित कराने के लिए आवश्यक संख्या बल जुटाना एक बड़ी चुनौती माना जा रहा है। सरकार का पलटवार लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को हटाने के प्रस्ताव पर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरण रिजिजू ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष केवल प्रस्ताव ला सकता है, लेकिन उनके पास पर्याप्त संख्या बल नहीं है, इसलिए वे लोकसभा अध्यक्ष को हटा नहीं सकते। रिजिजू ने आरोप लगाया कि विपक्षी सांसदों ने स्पीकर की टेबल तक पहुंचने और उनके कक्ष में घुसने की कोशिश कर संसद की गरिमा का उल्लंघन किया है।
February 10, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: नई दिल्ली। पूर्व थल सेनाध्यक्ष जनरल एमएम नरवणे की अब तक अप्रकाशित किताब ‘फोर स्टार्स ऑफ डेस्टिनी (Four Stars of Destiny)’ के कथित सर्कुलेशन को लेकर दिल्ली पुलिस ने सोमवार को FIR दर्ज की है। यह मामला सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स और ऑनलाइन न्यूज फोरम्स पर सामने आई उन जानकारियों के बाद दर्ज किया गया, जिनमें दावा किया गया था कि किताब की प्री-प्रिंट कॉपी सार्वजनिक रूप से सर्कुलेट हो रही है। दिल्ली पुलिस के अनुसार, इस किताब के प्रकाशन के लिए अभी तक संबंधित सरकारी प्राधिकरणों से आवश्यक अनुमति प्राप्त नहीं हुई है। जांच के दौरान पुलिस को यह जानकारी मिली कि इसी शीर्षक वाली एक टाइप-सेट किताब की PDF कॉपी कुछ वेबसाइट्स पर उपलब्ध पाई गई। पुलिस को आशंका है कि यह वही कॉपी हो सकती है, जिसे प्रकाशन प्रक्रिया के दौरान तैयार किया गया था। पब्लिशर की कॉपी लीक होने की आशंका पुलिस सूत्रों के मुताबिक, प्रारंभिक जांच में यह संदेह जताया गया है कि यह सामग्री पेंगुइन रैंडम हाउस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड द्वारा तैयार की गई कॉपी से जुड़ी हो सकती है। इसके अलावा, कुछ ऑनलाइन मार्केटिंग और ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर किताब के कवर को इस तरह प्रदर्शित किया गया, मानो यह किताब खरीद के लिए उपलब्ध हो, जबकि आधिकारिक रूप से इसका प्रकाशन नहीं हुआ है। स्पेशल सेल कर रही है जांच मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए दिल्ली पुलिस स्पेशल सेल ने इस संबंध में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि बिना अनुमति और अप्रकाशित किताब की सामग्री सार्वजनिक कैसे हुई, PDF किन स्रोतों से लीक हुई और इसके पीछे कौन-कौन लोग या संस्थाएं शामिल हैं। संसद में किताब दिखने से मामला और गरमाया यह FIR ऐसे समय दर्ज की गई है, जब 4 फरवरी को कांग्रेस सांसद राहुल गांधी को संसद परिसर में इस किताब की एक कॉपी दिखाते हुए देखा गया था। राहुल गांधी ने उस दौरान कहा था कि यदि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संसद में आएंगे, तो वे उन्हें यह किताब भेंट करेंगे। इसके बाद इस किताब को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई थीं।
January 28, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: महाराष्ट्र के डिप्टी CM अजीत पवार का निधन हो गया है। वे 66 साल के थे। बुधवार सुबह 8.45 बारामती में उनका प्लेन क्रैश हो गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक कि बारामती एयरपोर्ट पर लैंडिंग के दौरान यह हादसा हुआ। प्लेन में अजित पवार के साथ मौजूद उनके पर्सनल असिस्टेंट, सुरक्षाकर्मी और प्लेन स्टाफ समेत 5 लोगों की जान गई है। अब तक मिली जानकारी के अनुसार पवार मुंबई से चार्टर्ड प्लेन में बारामती गए थे। वहां लैंडिंग के दौरान प्लेन रनवे से फिसल गया। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय DGCA ने हादसे में 5 लोगों के मारे जाने की पुष्टि की है। थोड़ी देर पहले 6 लोगों के मारे जाने की खबर आई थी। अजित पवार महाराष्ट्र पंचायत चुनाव के लिए बारामती में 4 सभाओं को संबोधित जा रहे थे। शरद पवार और सुप्रिया सुले दिल्ली में थे। हादसे की जानकारी मिलते ही वे पूरे परिवार के साथ बारामती के लिए निकल रहे हैं। परिवार के बाकी लोग उनके मुंबई आवास के लिए रवाना हो गए हैं।
January 25, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: प्रयागराज माघ मेले में ज्योतिष्पीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और मेला प्रशासन के बीच बीते सात दिनों से चल रहा विवाद अब और गहराता नजर आ रहा है। शंकराचार्य के शिविर में हुए हंगामे को लेकर उन्होंने पहली बार सार्वजनिक बयान देते हुए कहा कि उन पर हमला इसलिए किया गया क्योंकि वे गो-रक्षा की बात कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि वे भाजपा की “आंख की किरकिरी” बन गए हैं, लेकिन कितनी भी परेशानी हो, वे पीछे हटने वाले नहीं हैं। स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने कहा कि जितना उनके ऊपर अत्याचार होगा, उतनी ही मजबूती से वे अपने कदम आगे बढ़ाएंगे। यह विवाद शनिवार रात उस समय बढ़ गया, जब “कट्टर सनातनी सेना” नामक संगठन के 8 से 10 युवक भगवा झंडे लेकर शंकराचार्य के शिविर के पास पहुंचे। आरोप है कि युवकों ने ‘आई लव बुलडोजर बाबा’ और ‘योगी जिंदाबाद’ जैसे नारे लगाए और शिविर में घुसने की कोशिश की। इस दौरान शंकराचार्य के शिष्यों के साथ धक्का-मुक्की भी हुई और करीब 15 मिनट तक माहौल तनावपूर्ण रहा। बताया जा रहा है कि संगठन का प्रमुख सचिन सिंह नामक व्यक्ति है। घटना के बाद शंकराचार्य के शिष्यों ने सुरक्षा के मद्देनजर शिविर को चारों ओर से ढक दिया और प्रवेश मार्ग बंद कर दिए। शंकराचार्य के शिविर प्रभारी ने संबंधित थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि असामाजिक तत्व लाठी-डंडों और झंडों के साथ जबरन शिविर में घुसने की कोशिश कर रहे थे और मारपीट पर उतारू थे। सेवकों ने समझाकर उन्हें बाहर निकाला, लेकिन हालात इतने गंभीर थे कि कोई बड़ी घटना हो सकती थी। शिकायत में शंकराचार्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई है। इस मामले पर सियासी प्रतिक्रियाएं भी सामने आई हैं। पूर्व अभिनेत्री और साध्वी ममता कुलकर्णी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अलावा उन्हें कोई ऐसा नेता नहीं दिखता जो सबको साथ लेकर चल सके। उन्होंने आरोप लगाया कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद समाजवादी पार्टी की ओर झुक रहे हैं और गो-हत्या का मुद्दा लेकर विपक्ष की राजनीति कर रहे हैं। वहीं, कांग्रेस प्रवक्ता अखिलेश सिंह ने यूपी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि शंकराचार्य जैसे शीर्ष धर्माचार्य के साथ अभद्र व्यवहार किया गया और उन्हें गंगा स्नान से वंचित रखा गया, जो अत्यंत निंदनीय है।
January 21, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: भारतीय जनता पार्टी ने आगामी विधानसभा और निकाय चुनावों को लेकर संगठनात्मक स्तर पर तैयारियां तेज कर दी हैं। पार्टी के नव निर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने पदभार संभालने के पहले ही दिन, 20 जनवरी, कई महत्वपूर्ण चुनावी नियुक्तियों की घोषणा की। इन नियुक्तियों के तहत केरल, तेलंगाना और कर्नाटक जैसे अहम राज्यों में चुनाव प्रभारियों और सह-प्रभारियों की जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जो तत्काल प्रभाव से लागू होंगी। केरल विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने वरिष्ठ नेता विनोद तावड़े को राज्य प्रभारी नियुक्त किया है, जबकि केंद्रीय राज्य मंत्री शोभा करंदलाजे को सह-प्रभारी बनाया गया है। इसके साथ ही विनोद तावड़े को चंडीगढ़ मेयर चुनाव का पर्यवेक्षक भी नियुक्त किया गया है, जिससे उनके कद और जिम्मेदारियों में और इजाफा हुआ है। तेलंगाना में होने वाले निकाय चुनावों को ध्यान में रखते हुए महाराष्ट्र सरकार में मंत्री आशीष शेलार को चुनाव प्रभारी बनाया गया है। वहीं, राजस्थान भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अशोक परनामी और राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा को सह-प्रभारी की जिम्मेदारी दी गई है। पार्टी नेतृत्व का मानना है कि इन अनुभवी नेताओं के मार्गदर्शन में तेलंगाना में संगठन को नई मजबूती मिलेगी। इसके अलावा ग्रेटर बेंगलुरु कॉरपोरेशन चुनाव के लिए भाजपा के पूर्व राष्ट्रीय महासचिव राम माधव को चुनाव प्रभारी नियुक्त किया गया है। इस चुनाव में उनके साथ सह-प्रभारी के रूप में राजस्थान भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनिया और महाराष्ट्र विधानसभा सदस्य संजय उपाध्याय कार्य करेंगे।
January 20, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: अजमेर , 20 जनवरी। राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने लखनऊ में 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारियों के सम्मेलन में मंगलवार को जनता के प्रति विधायिका की जवाबदेही विषय पर विधायिका को स्वयं का आत्म मूल्यांकन करने लोक और तंत्र के सेतु को सतत और सशक्त बनाने, नई चुनौतियों से मुकाबले के साथ भविष्य को प्रभावशाली बनाने के लिए दूरदर्शी उद्बोधन दिया। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सबसे मजबूत नींव जनता का अडिग विश्वास होता है। यह विश्वास जनता से निरंतर संवाद, पारदर्शिता और उत्तरदायित्वपूर्ण आचरण से ही कायम रह सकता है। श्री देवनानी ने विधायिका को भारतीय लोकतंत्र की धडकन बताया है। विधायी जनता को आकांक्षाओं का दर्पण:- श्री देवनानी ने कहा कि विधायिका कोई स्वतंत्र सता-केंद्र नहीं, बल्कि जनता की आकांक्षाओं और अपेक्षाओं का दर्पण है। सदन में बैठने वाला प्रत्येक सदस्य केवल स्वयं का नहीं, बल्कि लाखों नागरिकों की सामूहिक आवाज का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने महात्मा गांधी के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि लोकतंत्र की कसौटी यह है कि समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय और अधिकार पहुंचे। उन्होंने स्पष्ट किया कि जवाबदेही केवल चुनाव के समय नहीं, बल्कि सदन के प्रत्येक सत्र, प्रत्येक बहस, प्रत्येक प्रश्न और प्रत्येक विधायी हस्तक्षेप में दिखाई देनी चाहिए। एक जीवंत लोकतंत्र वही है जिसमें विधायिका जनता की समस्याओं को केवल सुनती ही नहीं, बल्कि उन्हें गहराई से महसूस कर समाधान के लिए प्रतिबद्ध रहती है। श्री देवनानी ने कहा कि संवैधानिक नैतिकता केवल कोगों पर अंकित शब्द नहीं है, बल्कि यह हमारे रोजमर्रा के विधायी कार्यों का हिस्सा होनी चाहिए। जब हम सदन में बैठते हैं, तो हमें संविधान के ट्रस्टी के रूप में व्यवहार करना चाहिए, क्योंकि हमारे हाथ में जो शक्ति है, वह जनता द्वारा दी गई पवित्र धरोहर है। अल्पमत की आवाज को दिया सम्मान, सदन की श्रेष्ठता का पैमाना:- विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने कहा कि सदन की श्रेष्ठता बहुमत की शक्ति से नहीं, बल्कि अल्पमत की आवाज को दिए गए सम्मान से तय होती है। असहमति और स्वस्थ आलोचना लोकतंत्र की मजबूती का प्रतीक हैं। उन्होंने कहा कि संवाद और वाद-विवाद ही विधायिका की जवाबदेही के मजबूत स्तंभ हैं। श्री देवनानी ने कार्यपालिका पर प्रभावी नियंत्रण को विधायिका का प्रमुख संवैधानिक दायित्व बताया। उन्होंने कहा कि जनता के कर से एकत्रित प्रत्येक रुपये का उपयोग जनकल्याण में हो, यह सुनिश्चित करना विधायिका का परम कर्तव्य है। प्रश्नकाल, ध्यानाकर्षण प्रस्ताव और शून्यकाल को उन्होंने जनता की आवाज का सशक्त माध्यम बताया। विधायी समितियां लघु सदन है:- श्री देवनानी ने कहा कि विधायी समितियों की भूमिका को अत्यंत महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि समितियां 'लघु सदन" के रूप में कार्य करती हैं, जहां गहन, निष्पक्ष और तकनीकी समीक्षा संभव होती है। समिति प्रतिवेदन केवल फाड़ों तक सीमित न रहें, बल्कि उन पर सदन में चर्चा हो और सरकार द्वारा की गई कार्रवाई का विवरण अनिवार्य रूप से प्रस्तुत किया जाए। उन्होंने बताया कि राजस्थान विधानसभा ने लोक लेखा समिति और प्राक्कलन समिति के माध्यम से वित्तीय अनुशासन को सुदृढ़ किया है तथा यह सुनिश्चित किया है कि समितियों की रिपोर्ट पर समयबद्ध और प्रभावी कार्रवाई हो। साथ ही सदस्यों के प्रशिक्षण, अभिमुखीकरण कार्यक्रम, बाल विधानसभा और यूथ पार्लियामेंट जैसी पहलों से भविष्य की पीढ़ी को लोकतांत्रिक मूल्यों से जोड़ा जा रहा है। आज डिजिटल जवाबदेही का युग:- राजस्थान विधानसभा द्वारा उठाए गए डिजिटल नवाचारों के ऐतिहासिक कदर्मों का उल्लेख करते हुए श्री देवनानी ने कहा कि आज डिजिटल जवाबदेही का युग है। ऑनलाइन प्रक्रियाओं, पेपरलेस व्यवस्था, यूट्यूब पर कार्यवाही के सजीव प्रसारण और राजस्थान विधानसभा के डिजिटल म्यूजियम के माध्यम से पारदर्शिता को नई ऊँचाइयों पर ले जाया गया है। यह एक प्रकार का 'सोशल ऑडिट है, जो सदन को निरंतर सजग बनाए रखता है। विधायी प्रभाव मूल्याकंन:- श्री देवनानी ने लेजिस्लेटिव इम्पैक्ट असेसमेंट और पोस्ट-लेजिस्लेटिव ऑडिट की आवश्यकता पर भी बल दिया, ताकि कानून बनने के बाद उनके वास्तविक प्रभाव का आकलन किया जा सके। उन्होंने कहा कि जनता को नीति-निर्माण की प्रक्रिया में सहभागी बनाना ही सच्ची जवाबदेही का उच्चतम रूप है। आसन की भूमिका महत्वपूर्ण:- पीठासीन अधिकारियों की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि अध्यक्ष का आसन केवल एक रेफरी का नहीं, बल्कि संविधान के संरक्षक का होता है। नियर्मा की व्याख्या इस प्रकार होनी चाहिए कि वह चर्चा को रोकने वाली नहीं, बल्कि उसे विस्तार देने वाली हो। विधायिका को स्वयं का आत्म मूल्यांकन करना होगा, इस परिप्रेक्ष्य में उन्होंने सदनों में सदस्यों की उपस्थिति विधेयकों के विविध पहलुओं पर चर्चा और सदन के भीतर संसदीय मर्यादाओं के पालन को विचारणीय बताया।
January 20, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: लखनऊ, — राजस्थान विधानसभा के माननीय अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने आज लखनऊ स्थित “राष्ट्र के प्रेरणा स्थल” का दौरा किया। इस अवसर पर उन्होंने स्थल पर स्थापित महापुरुषों एवं राष्ट्रनायकों की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया तथा स्थल के महत्व की जानकारी प्राप्त की। माननीय अध्यक्ष ने कहा कि राष्ट्र के प्रेरणा स्थल जैसे स्मारक आने वाली पीढ़ियों को देशभक्ति, त्याग और सेवा की प्रेरणा देते हैं। ऐसे स्थान हमारे राष्ट्रीय मूल्यों और सांस्कृतिक विरासत को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। दौरे के दौरान संबंधित अधिकारियों ने उन्हें स्थल की गतिविधियों, विकास योजनाओं एवं भावी कार्यक्रमों की जानकारी दी। इस अवसर पर अनेक गणमान्य नागरिक एवं अधिकारीगण भी उपस्थित रहे।
January 17, 2026
राष्ट्रीय न्यूज़: गुवाहाटी (असम)/दीमापुर एवं नोकलक (नागालैंड) किशनगढ़, 17 जनवरी। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री तथा अजमेर सांसद भागीरथ चौधरी शुक्रवार को दो दिवसीय दौरे पर पूर्वोत्तर क्षेत्र पहुंचे। इस दौरे का उद्देश्य केंद्र सरकार की कृषि एवं किसान कल्याण से जुड़ी योजनाओं की समीक्षा, स्थानीय स्तर पर उनके प्रभाव का आकलन तथा संबंधित संस्थानों के साथ संवाद स्थापित करना रहा। अपने दौरे के पहले दिन केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी दिल्ली से रवाना होकर नागालैंड के दीमापुर एवं नोकलक पहुंचे। नोकलक में केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी ने कृषि एवं संबद्ध विभागों के अधिकारियों के साथ केंद्रीय मंत्रालयों की योजनाओं और नीतियों की समीक्षा बैठक की। इस दौरान उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर क्षेत्र की भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियों के अनुरूप कृषि योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना केंद्र सरकार की प्राथमिकता है। इसके पश्चात उन्होंने जिला अस्पताल, नोकलक का भी निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। दौरे के दूसरे दिन 17 जनवरी को केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी ने स्थानीय समुदायों एवं हितधारकों से संवाद किया तथा क्षेत्र की पारंपरिक सुरक्षा एवं सांस्कृतिक धरोहर को समझने के उद्देश्य से विलेज गार्ड्स म्यूज़ियम का निरीक्षण किया। इसके बाद सुरक्षा एजेंसियों के साथ समन्वय बैठक में भाग लिया। नागालैंड के कार्यक्रमों के पश्चात केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी असम की राजधानी गुवाहाटी पहुंचे, जहां उन्होंने स्थानीय कार्यक्रमों में सहभागिता की। इसी क्रम में केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी ने अपनी धर्मपत्नी के साथ शक्तिपीठ श्री कामाख्या माता मंदिर में दर्शन-पूजन कर देश, प्रदेश तथा किसानों के लिए सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। पूर्वोत्तर भारत बन रहा है प्राकृतिक खेती का हब : पूर्वोत्तर दौरे को लेकर केंद्रीय मंत्री भागीरथ चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार प्राकृतिक खेती का हब बनाना चाहती है। केंद्र सरकार की कृषि एवं किसान कल्याणकारी योजनाओं तथा स्थानीय किसानों की मेहनत के दम पर आज पूर्वोत्तर खेती किसानी के क्षेत्र में नया इतिहास लिख रहा है। भागीरथ चौधरी ने कहा कि पूर्वोत्तर भारत कृषि, जैविक उत्पादन और उद्यानिकी की अपार संभावनाओं वाला क्षेत्र है। केंद्र सरकार किसानों की आय बढ़ाने, कृषि अवसंरचना मजबूत करने और स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय बाज़ार से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है।